IELTS speaking

IELTS speaking test की तैयारी: Part 1, 2 और 3 का format और practice का तरीका

SpeakWisely टीम द्वारा · प्रकाशित · 8 मिनट में पढ़ें

IELTS Speaking test की timeline: Part 1, परिचय, 4 से 5 मिनट; Part 2, cue card, 3 से 4 मिनट, जिसमें 1 मिनट तैयारी और 2 मिनट तक बोलना; Part 3, चर्चा, 4 से 5 मिनट। नीचे चार बराबर criteria: Fluency, Vocabulary, Grammar और Pronunciation।

ध्यान दें: SpeakWisely पर practice English में होती है, और यही इसका मक़सद है। Clara और ऐप English में बात करते हैं, और ऐप हिन्दी बोलने वालों की आम गलतियों को ध्यान में रखकर सुझाव देता है।

IELTS speaking test एक examiner के साथ 11 से 14 मिनट की बातचीत है, जिसके तीन parts होते हैं: Part 1 में आपके बारे में छोटे सवाल, Part 2 में cue card पर 2 मिनट तक अकेले बोलना, और Part 3 में उसी topic से जुड़ी गहरी चर्चा। IELTS Academic और General Training, दोनों का speaking test एक ही है, और इसे चार बराबर criteria पर जाँचा जाता है: fluency and coherence, lexical resource (vocabulary), grammatical range and accuracy, और pronunciation।

अगर आपने "ielts speaking ki taiyari kaise kare" सर्च करके यह पेज खोला है, तो यह गाइड आपके लिए है। हम हर part को क्रम से समझेंगे: examiner क्या पूछता है, आपको कितनी देर बोलना है, लोग कहाँ अटकते हैं, और हर part की practice काग़ज़ पर नहीं, बोलकर कैसे करें।

IELTS speaking test कितने मिनट का होता है?

पूरा test 11 से 14 मिनट चलता है। Part 1 में 4–5 मिनट, Part 2 में तैयारी मिलाकर 3–4 मिनट, और Part 3 में 4–5 मिनट लगते हैं। घड़ी examiner देखता है, आपको नहीं। आपका काम बस इतना है कि सहज तरीके से बोलते रहें, जब तक examiner आपको अगले सवाल पर न ले जाए।

Test रिकॉर्ड होता है। आप एक असली examiner से बात करते हैं: आमने-सामने, या कुछ test centres पर video call से। IDP के मुताबिक दोनों तरीकों में content, timing और marking एक जैसी होती है, और कौन-सा तरीका मिलेगा यह centre तय करता है, आप नहीं।

Part 1: परिचय और छोटे सवाल (4–5 मिनट)

Examiner अपना परिचय देता है, आपकी पहचान check करता है और फिर जानी-पहचानी चीज़ों पर सवाल पूछता है: आपका शहर या घर, पढ़ाई या नौकरी, खाना, संगीत, छुट्टी का दिन। सवाल छोटे होते हैं, और अच्छे जवाब भी छोटे होते हैं: दो से चार वाक्य। एक शब्द का जवाब बहुत कम है, और भाषण बहुत ज़्यादा।

Examiner
Do you work or are you a student?
बहुत छोटा जवाब
I am a student.
बेहतर जवाब
I'm a student. I'm in the second year of a B.Com at a college in Lucknow, and after that I'm hoping to do a master's in Canada.

Part 1 में वही जवाब अच्छे लगते हैं जो बातचीत जैसे लगें: पहले सीधा जवाब, फिर एक कारण या एक detail, और फिर रुक जाइए। रटे हुए जवाब सपाट लगते हैं और examiner उन्हें आसानी से पहचान लेते हैं। एक आसान formula याद रखें: जवाब + कारण + छोटा उदाहरण।

Part 2: cue card और long turn (3–4 मिनट)

Examiner आपको एक task card देता है, जिसे ज़्यादातर लोग cue card कहते हैं। उस पर एक topic और तीन-चार संकेत लिखे होते हैं, जैसे: "Describe a place you visited that you would like to go back to. You should say: where it is, when you went there, what you did there, and explain why you would like to return."

  1. 1 मिनट तैयारी। Notes के लिए pencil और काग़ज़ मिलता है। पूरे वाक्य नहीं, सिर्फ़ keywords लिखें।
  2. 2 मिनट तक बोलना। तब तक बोलते रहें जब तक examiner आपको रोक न दे। सबसे आम दिक्कत यही है कि लोग एक मिनट से पहले ही चुप हो जाते हैं।
  3. 1–2 छोटे सवाल। आपके बोलने के बाद examiner उसी बारे में एक-दो छोटे सवाल पूछ सकता है।

Card पर लिखे संकेत आपकी मदद के लिए हैं। उन्हीं से बोलने का क्रम बना लें: पहले माहौल बताइए, फिर क्या हुआ, और आख़िर में यह कि वह बात आपके लिए क्यों मायने रखती है। यही आख़िरी "explain" वाला हिस्सा अक्सर सबसे ज़्यादा बोलने की जगह देता है। Notes और model answer के साथ पूरा उदाहरण हमारे लेख IELTS cue card पर 1 मिनट की तैयारी से 2 मिनट कैसे बोलें में है।

2 मिनट लगातार बोलने की आदत सिर्फ़ बोलने से ही पड़ती है। SpeakWisely पर Clara आपको cue card देती है, notes की जगह के साथ 1 मिनट तैयारी का समय देती है, और फिर 2 मिनट तक आपको सुनती है।

Clara के साथ cue card आज़माएँ

Part 3: चर्चा (4–5 मिनट)

Part 3 आपके Part 2 वाले topic से जुड़ा होता है, लेकिन आपके निजी अनुभव से हटकर बड़े सवालों पर जाता है। अगर आपने किसी ऐसी जगह के बारे में बताया जहाँ दोबारा जाना चाहते हैं, तो Part 3 में पूछा जा सकता है कि आजकल लोग पहले से ज़्यादा घूमते क्यों हैं, या tourism से किसी शहर को फ़ायदा ज़्यादा होता है या नुकसान।

यहाँ जवाब Part 1 से लंबे होने चाहिए: अपनी राय दीजिए, उसका कारण समझाइए, और किसी उदाहरण या तुलना से उसे मज़बूत कीजिए। सोचते हुए बोलना ठीक है, और यह कहना भी ठीक है कि मुद्दे के दो पहलू हैं, बशर्ते आप बताएँ कि वे पहलू क्या हैं।

Examiner
Why do you think people travel more than they did in the past?
जवाब
I think the main reason is that travel has become easier to plan. You can book a train or a flight on your phone in two minutes, so a trip my parents would have planned for months is now a long weekend. Social media plays a part too, because people see a place online and want to experience it themselves.

Examiner किन चार चीज़ों पर band देता है?

Examiner आपकी speaking को चार criteria पर आँकता है, और चारों का वज़न बराबर है:

  • Fluency and coherence: आप कितनी सहजता से बोलते रहते हैं और आपकी बात कितनी आसानी से समझ में आती है।
  • Lexical resource: आपकी vocabulary कितनी विविध और सटीक है, और कोई शब्द याद न आए तो आप बात को घुमाकर कैसे कह लेते हैं।
  • Grammatical range and accuracy: आप अलग-अलग तरह के वाक्य बनाते हैं या नहीं, और वे कितनी बार सही होते हैं।
  • Pronunciation: आपको समझना कितना आसान है। भारतीय accent होना कोई कमी नहीं है; बात साफ़ समझ में न आना कमी है।

Bands 0 से 9 तक होते हैं। हिन्दी बोलने वालों की grammar में कुछ गलतियाँ बार-बार दिखती हैं, जैसे "a" और "the" छोड़ देना, या "I am having a car" जैसा continuous form, क्योंकि हिन्दी में ये चीज़ें अलग तरह से काम करती हैं। इनकी सूची और सुधार हमारे लेख हिन्दी बोलने वालों की आम English गलतियाँ में है।

हर part की practice कैसे करें?

  • हमेशा बोलकर practice करें, सिर्फ़ मन में नहीं। Fluency साइकिल चलाने जैसा हुनर है। जो जवाब आपने सिर्फ़ सोचे हैं, वे बोलते समय धीमे और रुक-रुककर निकलते हैं।
  • Part 1 के लिए: रोज़ 5–6 आम सवाल लें (घर, पढ़ाई, खाना, त्योहार) और हर एक का जवाब 20–30 सेकंड में दें: जवाब, कारण, उदाहरण।
  • Part 2 के लिए: असली timer लगाइए, 1 मिनट notes और 2 मिनट बोलना, जब तक 2 मिनट सामान्य न लगने लगें।
  • Part 3 के लिए: किसी भी topic पर ख़ुद से "क्यों?" पूछिए और जवाब में एक कारण और एक उदाहरण दीजिए।
  • ख़ुद को record करके सुनिए। "um" और लंबे pauses recording में ज़्यादा साफ़ सुनाई देते हैं। इन्हें कम करने के तरीके English बोलते समय "um" और fillers कैसे रोकें में हैं।
  • Test से पहले कम से कम एक पूरा mock दें। तीनों parts को एक साथ, क्रम से करना, उन्हें अलग-अलग practice करने से बिल्कुल अलग अनुभव है।

मान लीजिए जयपुर की एक student अगले महीने test देने वाली है और घर पर उसके साथ English में practice करने वाला कोई नहीं है। वह SpeakWisely पर Clara, एक AI examiner, के साथ पूरा IELTS speaking mock बोलकर (English में) लगभग पंद्रह मिनट में दे सकती है। आख़िर में चारों criteria पर एक अनुमानित band और सुधारने लायक बातों की सूची मिलती है। समय कम हो तो सिर्फ़ एक part भी practice किया जा सकता है।

शुरुआत में "Help me as I go" mode काम का है, जिसमें हर जवाब के बाद tips और सुधार मिलते हैं। Test के क़रीब "Exam conditions" चुनें: Clara असली examiner की तरह neutral रहती है और feedback आख़िर में आता है।

IELTS speaking के बारे में आम सवाल

क्या Academic और General Training का speaking test अलग होता है?

नहीं। दोनों में speaking test एक ही है: वही तीन parts और वही चार criteria।

क्या मैं examiner से सवाल दोबारा पूछने को कह सकता हूँ?

हाँ। सवाल समझ न आए तो "Could you repeat the question, please?" कहना बिल्कुल सामान्य है, ख़ासकर Part 1 में। बिना समझे जवाब देने से बेहतर है कि आप पूछ लें।

क्या Indian accent से band कम होता है?

नहीं। Accent के लिए नंबर नहीं कटते; देखा यह जाता है कि आपकी बात कितनी साफ़ समझ आती है। इसलिए accent बदलने की कोशिश की बजाय शब्दों के आख़िरी हिस्से साफ़ बोलने और सही जगह रुकने पर ध्यान दें।

India में IELTS कौन कराता है, IDP या British Council?

India में 2021 से सभी IELTS tests IDP कराता है। Speaking test का format वही है जो इस लेख में बताया गया है।

यह IELTS speaking के मानदंडों पर आधारित AI का अनुमानित आकलन है। यह IELTS या IDP का आधिकारिक परिणाम नहीं है।

आपकी रिकॉर्डिंग प्रोसेस होने के बाद डिलीट कर दी जाती है। इसे कभी सेव नहीं किया जाता — सिर्फ़ आपका transcript और नतीजे रखे जाते हैं।

स्रोत