English बोलते समय "um", "like" और "matlab" कैसे रोकें
SpeakWisely टीम द्वारा · प्रकाशित · 8 मिनट में पढ़ें
ध्यान दें: SpeakWisely पर practice English में होती है, और यही इसका मक़सद है। Clara और ऐप English में बात करते हैं, और ऐप हिन्दी बोलने वालों की आम गलतियों को ध्यान में रखकर सुझाव देता है।
English बोलते समय "um", "like" या "matlab" कम करने का सबसे कारगर तरीका उन्हें दबाना नहीं, बदलना है: जब filler आने वाला हो, मुँह बंद करके एक सेकंड रुकिए। साथ में कुछ तैयार phrases रखिए जो सोचने का समय दें, और रोज़ एक मिनट ख़ुद को record करके fillers गिनिए। एक हफ़्ते की इस routine से आपको साफ़ पता चल जाएगा कि आपके fillers कौन-से हैं और कब आते हैं, और यहीं से उन्हें कम करना शुरू होता है।
अगर आपने "english bolte time um kaise band kare" जैसा कुछ सर्च किया है, तो आप अकेले नहीं हैं। चाहे आप Delhi में job interview की तैयारी कर रहे हों या IELTS की, यह दिक्कत लगभग हर English सीखने वाले के साथ होती है। अच्छी बात यह है कि filler एक आदत है, और आदत practice से बदलती है।
Fillers आते क्यों हैं?
Filler वह आवाज़ या शब्द है जो हम तब बोलते हैं जब दिमाग़ अगला शब्द ढूँढ रहा होता है: "um", "uh", "like", "you know", "basically", "actually"। हिन्दी बोलने वालों की English में अक्सर हिन्दी के fillers भी घुस आते हैं: "matlab", "woh", "haan toh", या वाक्य के आख़िर में "na"। ये आते क्यों हैं:
- चुप्पी अजीब लगती है। लगता है कि एक सेकंड भी चुप रहे तो सामने वाला सोचेगा कि हमें English नहीं आती। तो हम खाली जगह को किसी आवाज़ से भर देते हैं।
- दिमाग़ में अनुवाद चल रहा होता है। पहले हिन्दी में वाक्य बनता है, फिर English में। बीच के उसी समय में "um" निकलता है।
- शब्द याद नहीं आता। Vocabulary छोटी हो तो हर कुछ वाक्यों में एक शब्द ढूँढना पड़ता है।
- बहुत तेज़ बोलने की कोशिश। बहुत से लोग fluency को speed समझ लेते हैं। तेज़ बोलेंगे तो सोचने का समय कम मिलेगा, और fillers बढ़ेंगे।
कभी-कभार "um" बिल्कुल सामान्य है; native speakers भी बोलते हैं। दिक्कत तब है जब हर वाक्य में दो-तीन fillers हों, क्योंकि तब सुनने वाले का ध्यान आपकी बात से हटकर आपकी झिझक पर चला जाता है।
Silent pause बनाम filler: फ़र्क़ क्या है?
Silent pause यानी बोलते-बोलते एक छोटा, शांत विराम, बिना कोई आवाज़ निकाले। सुनने में यह सोच-समझकर बोलने जैसा लगता है। वही समय "um" से भर दें तो झिझक जैसा लगता है। सोचने का समय दोनों में बराबर है, बस असर अलग है।
- Filler के साथ
- Um, I think, like, the best thing about Jaipur is, um, matlab, the food, you know.
- Pause के साथ
- I think the best thing about Jaipur is… (pause) …the food, especially the street food in the old city.
दूसरे वाक्य में pause ठीक वहीं है जहाँ पहले "um" था, लेकिन वाक्य ज़्यादा भरोसेमंद लगता है, और बचे हुए समय में एक detail भी जुड़ गई। ध्यान रखें कि pause छोटा हो, लगभग एक सेकंड। बहुत लंबी चुप्पी भी बहाव तोड़ती है, इसलिए दो सेकंड से ज़्यादा रुकने की आदत न डालें।
Filler की जगह क्या बोलें?
जब एक सेकंड काफ़ी न हो, तब पूरा phrase काम आता है। इन phrases का असली मतलब होता है, इसलिए ये filler नहीं लगते, और आपको सोचने के 2–3 सेकंड दे देते हैं:
- सवाल के बाद सोचने के लिए
- That's an interesting question. Let me think for a second.
- राय देने से पहले
- I'd say the main reason is…
- शब्द याद न आए तो
- I can't think of the exact word, but it's something you use to…
- बात दूसरे तरीके से कहने के लिए
- Let me put it another way.
- उदाहरण देने के लिए
- For example, last month…
दो बातें याद रखें। पहली, "matlab" का सीधा अनुवाद "I mean" है, लेकिन उसे बार-बार बोलें तो वह भी filler ही बन जाता है; उसकी जगह कभी-कभी "In other words" बोलें। दूसरी, ये phrases हर वाक्य के लिए नहीं हैं। इन्हें जवाब की शुरुआत में या सच में अटकने पर ही इस्तेमाल करें, वरना ये ख़ुद नए fillers बन जाएँगे।
Pause लेना पढ़कर नहीं, बोलकर आता है। SpeakWisely के 60-second drills में एक बार में एक ही आदत पर काम होता है, जैसे fillers, pace या लंबे pauses, और हर कोशिश के बाद एक नंबर दिखता है कि target पूरा हुआ या नहीं।
60-second drill आज़माएँ7 दिन की recording routine
आपको बस phone का voice recorder और रोज़ 10 मिनट चाहिए। हर दिन एक मिनट बोलिए, recording सुनिए और fillers गिनिए। गिनती एक काग़ज़ पर लिखते जाइए।
- दिन 1, शुरुआत नापें: किसी आसान topic पर 1 मिनट बोलें, जैसे "My hometown"। Recording सुनकर हर filler गिनें और लिखें कि कौन-से दो सबसे ज़्यादा आए।
- दिन 2, सिर्फ़ pause: वही topic दोबारा। इस बार जब भी filler आने लगे, मुँह बंद करके एक सेकंड रुकें। गिनती की तुलना दिन 1 से करें।
- दिन 3, धीरे बोलें: नया आसान topic, जैसे "My daily routine"। जान-बूझकर थोड़ा धीमे बोलें और full stop पर साँस लें। धीमा बोलना सोचने का समय देता है।
- दिन 4, phrases जोड़ें: ऊपर के phrases में से दो चुनें और "A festival I enjoy" पर एक मिनट के जवाब में उन्हें इस्तेमाल करें।
- दिन 5, राय वाला topic: "Should students have part-time jobs?" जैसे सवाल पर बोलें। राय वाले सवालों में सोचना ज़्यादा पड़ता है, इसलिए fillers अक्सर बढ़ जाते हैं।
- दिन 6, 2 मिनट की चुनौती: 1 मिनट notes बनाएँ और 2 मिनट बोलें, जैसे IELTS के cue card में होता है। तरीका cue card पर 2 मिनट कैसे बोलें में है।
- दिन 7, फिर से दिन 1: पहले दिन वाला topic दोबारा record करें, और दोनों recordings की गिनती और आवाज़ की तुलना करें।
गिनती को सही नज़र से देखने के लिए उसे शब्दों से जोड़िए: अगर 1 मिनट में आपने लगभग 120 शब्द बोले और 12 fillers आए, तो हर 100 शब्दों में 10 fillers हुए। लक्ष्य इस संख्या को हफ़्ते-दर-हफ़्ते नीचे लाना है, एक झटके में शून्य करना नहीं।
SpeakWisely पर यह practice कैसे होती है
Recording ख़ुद सुनना असरदार है, लेकिन हर बार गिनना थकाऊ है। SpeakWisely की English speaking practice (English में) आपके शब्दों की timing से fluency नापती है: आपकी pace (words per minute), आप कहाँ और कितनी देर रुके, "um" और "like" जैसे fillers, और दोहराव। इसके 60-second drills में से तीन सीधे इसी लेख के विषय पर हैं:
- Speak without fillers: 60 सेकंड, एक नंबर: हर 100 शब्दों में कितने fillers। Target है 2 से कम।
- Keep going without stopping: पूरे मिनट में कोई भी pause 2 सेकंड से लंबा न हो।
- Hold a steady pace: शुरू से आख़िर तक एक सहज, बराबर रफ़्तार, कम से कम 120 words per minute।
"Like" गिनते समय समझदारी बरती जाती है: "I like my job" वाला "like" filler नहीं माना जाता। और "basically", "actually", "I mean" जैसे शब्द भी गिने जाते हैं, इसलिए इन्हें बचाकर इस्तेमाल करें। "matlab" जैसे हिन्दी fillers अपनी recording में ख़ुद सुनकर पकड़िए। अगर आप अभी English बोलना शुरू ही कर रहे हैं, तो पहले English बोलना कैसे सीखें पढ़ें।
Fillers के बारे में आम सवाल
क्या "um" बोलना पूरी तरह ग़लत है?
नहीं। Native speakers भी कभी-कभी "um" बोलते हैं। मक़सद fillers को शून्य करना नहीं, उन्हें इतना कम करना है कि सुनने वाले का ध्यान आपकी बात पर रहे, आपकी झिझक पर नहीं।
क्या IELTS speaking में fillers से band कम होता है?
IELTS में fluency and coherence चार बराबर criteria में से एक है। यह देखता है कि आप कितनी सहजता से बोलते रहते हैं और आपकी बात कितनी आसानी से समझ आती है। कभी-कभार का "um" सामान्य है, लेकिन बार-बार की झिझक बहाव तोड़ती है। Test के बारे में ज़्यादा जानने के लिए IELTS speaking की तैयारी पढ़ें।
"Like" कब ठीक है और कब filler?
जब "like" का असली मतलब हो, तब ठीक है: "I like cricket" (पसंद) या "a city like Jaipur" (जैसा)। जब वह बिना मतलब बीच में आए, जैसे "It was, like, really good", तब वह filler है।
Interview में घबराहट से fillers बढ़ जाते हैं, क्या करूँ?
Interview के सबसे पक्के सवाल, जैसे "Tell me about yourself", का जवाब पहले से बोलकर practice करें, ताकि शुरुआत आत्मविश्वास से हो। इसके लिए interview में "Tell me about yourself" का जवाब कैसे दें देखें। जवाब से पहले एक सेकंड रुककर सोचना बिल्कुल ठीक है।
आपकी रिकॉर्डिंग प्रोसेस होने के बाद डिलीट कर दी जाती है। इसे कभी सेव नहीं किया जाता — सिर्फ़ आपका transcript और नतीजे रखे जाते हैं।
स्रोत
और पढ़ें
- English बोलना कैसे सीखें: AI के साथ रोज़ practice का ईमानदार तरीका
English बोलना पढ़ने से नहीं, बोलने से आता है। AI एक हमेशा तैयार practice partner बन सकता है, पर उसकी सीमाएँ भी हैं। यहाँ दोनों बातें, और रोज़ 15 मिनट की routine।
- IELTS cue card कैसे बोलें: 1 मिनट में notes, 2 मिनट तक जवाब
एक मिनट में keywords वाले notes, फिर एक तय क्रम में दो मिनट तक बोलना। पूरे उदाहरण, English model answer और अटकने पर काम आने वाले phrases के साथ।
- Interview में "Tell me about yourself" का जवाब English में कैसे दें (3 sample answers)
अभी क्या करते हैं, यहाँ तक कैसे पहुँचे, और यह job क्यों: तीन हिस्सों का आसान ढाँचा, तीन sample answers, और कौन-सी lines बोलें और कौन-सी छोड़ दें।